सिंघाड़े का हलवा :
सामग्री :
- सिंघाड़े का आटा - 25 ग्राम
- देशी घी - 25 ग्राम
- चीनी - 50 ग्राम
- दूध - 250 मिली.
बनाने की विधि :
सिंघाड़े के आटे में घी डालकर धीमी आंच पर लाल होने तक पकने के लिए रख दें। जब यह आटा अच्छी तरह से सिक जाए तो इसमें दूध डालकर पकाएं । जब यह गाढ़ा हो जाए तो इसमें चीनी डालकर चलाएं और तैयार होने के बाद नीचे उतार लें।
सेवन विधि :
इस हलुए को प्रतिदिन प्रातः खाली पेट सेवन करें ऊपर से एक गिलास गुनगुना दूध पियें |
लाभ :
इसके सेवन से वीर्य की वृद्धि होती है एवं संभोग शक्ति बढ़ती है।
छुआरे का हलुवा :
सामग्री :
- छुहारा – 50 ग्राम
- देशी घी – 50 ग्राम
- दूध – 300 मिली.
- पिसी हुयी मिश्री – 50 ग्राम
- इलायची – 3-4
बनाने की विधि :
छुआरों के बीज निकाल कर 250 ग्राम दूध में उबालकर बारीक पीस कर पेस्ट बना लें । इसके बाद कड़ाही में घी डालकर छुआरों के पेस्ट को घी में भून लें। जब यह लाल हो जाए तो इसमें दूध डालकर पकाएं और गाढ़ा हो जाने पर पिसी हुई मिश्री एवं इलायची के दानों का पाउडर मिला लें।
सेवन विधि :
प्रतिदिन प्रातः खाली पेट 25 से 50 ग्राम की मात्रा, दूध के साथ लें |
लाभ :
शरीर में बल और वीर्य की मात्रा बढ़ती है एवं संभोग शक्ति तेज होती है |
उड़द की खीर :
सामग्री :
- उड़द की दाल – 50 ग्राम
- देशी घी – 50 ग्राम
- दूध – 300 मिली.
- चीनी – 50 ग्राम
बनाने की विधि :
उड़द की दाल को घी में भूनने के बाद इसमें दूध डालकर पकाएं। खीर तैयार हो जाने पर चीनी मिला लें |
सेवन विधि :
प्रतिदिन प्रातः नाश्ते के रूप में सेवन करें |
लाभ :
वीर्य की वृद्धि एवं संभोग शक्ति तेज होती है।
सफेद मूसली की खीर :
सामग्री :
- सफेद मूसली का चूर्ण - 10 ग्राम
- गाय का दूध - 250 मिली.
- पिसी हुई मिश्री - 20 ग्राम
बनाने की विधि :
मूसली के चूर्ण को दूध में मिलाकर उबाल लें। उबलने पर जब यह गाढ़ा हो जाए तो इसमें पिसी हुई मिश्री मिलाकर नीचे उतार लें।
सेवन विधि :
प्रतिदिन प्रातः खाली पेट सेवन करें |
लाभ :
इसके नियमित सेवन से शीघ्रपतन, धातु की कमजोरी एवं नपुंसकता दूर होती है तथा वीर्य की वृद्धि होती है |
नारियल के लड्डू :
सामग्री :
- कच्चे नारियल की कद्दूकस की हुई गिरी - 250 ग्राम
- मावा - 125 ग्राम
- पिसी हुयी छोटी इलायची - 10
- देशी घी - 50 ग्राम
- चीनी - 250 ग्राम
बनाने की विधि :
25 ग्राम घी को कड़ाही में डालकर नारियल की गिरी एवं बचे हुए घी को मावे के साथ मिलाकर अलग-अलग भून लें। दोनों भुनी हुई चीजों को आपस में मिला लें। इस मिश्रण में चीनी की चाशनी बनाकर मिला लें एवं इलायची का बारीक पिसा हुआ चूर्ण भी डाल लें। इस मिश्रण के 20-20 ग्राम के लड्ड़ू बना लें |
सेवन विधि :
1-1 लड्ड़ू प्रतिदिन प्रातः-सायं दूध के साथ सेवन करें |
लाभ :
धातु की कमी एवं कमजोरी दूर होती है |
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